उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में ढाई साल की मासूम बच्ची की जघन्य हत्या मामले से पूरे देश में गुस्सा और उबाल है। पूरा देश इस घटना में शामिल रहे लोगों को फांसी देने की मांग कर रहा है। ताकि अब दुबारा देश में इस तरह की घटना ना हो। पुलिस मुस्तैदी से जांच में जुटी हुई है। पुलिस एक-एक तथ्य को ध्यान में रखकर इस प्रकिया को अंजाम दे रही है।

लेकिन हम जिनको मंत्री कहते हैं, वही माननीय मंत्री जी अलीगढ़ की घटना पर हंसते हुए कह रहे हैं कि ‘इस तरह की घटनाएं हो जाती हैं।’

यूपी की योगी सरकार में कैबिनेट कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही से जब इस मामले पर पूछा गया तो उन्होंने हंसते हुए कहा कि, “देखिए ये घटनाएं हो जाती हैं। ऐसी घटनाओं के खिलाफ हम सख्ती से कार्रवाई करते हैं और यही वजह है कि उत्तर प्रदेश में अपराध की संख्या काफी घटी है।”

शाही ने आगे कहा, “जहां कहीं भी छिटपुट घटना होती है, उनको कठोर दंड दिया जाता है। कुछ लोगों की मानसिकता का दुष्परिणाम है।

सूर्य प्रताप शाही का ये बयान सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद सपा नेता आईपी सिंह ने ट्वीट करते हुए इसे संवेदनहीन बयान करार देते हुए कहा कि, मासूम को काटकर मार डाला और ये बेटी बचाओ का नारा दे रहे हैं।”

बता दें कि यूपी पुलिस ने इस जघन्य हत्या की जांच के लिए अलीगढ़ एसएसपी ने एसआईटी का गठन किया है। इस टीम की अगुवाई एसपी क्राइम और एसपी देहात करेंगे। टीम में छह लोगों को शामिल किया गया है। एसपी देहात मणिलाल पाटीदार इस टीम की अगुवाई कर रहे हैं। इसके अलावा सीओ, चार विवेचक और एक महिला थाना इंचार्ज सुनीता मिश्रा को शामिल किया गया है।