केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा सरकार ‘महिला सुरक्षा’ के नाम पर सिर्फ वोट बटोरने का काम करती है। देश में महिलाओं के साथ रेप और हत्या की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही।

देश की राजधानी दिल्ली के कैंट एरिया में 9 साल की दलित बच्ची के साथ गैंगरेप के बाद हत्या को अंजाम दिया गया है।

इस मामले में मंदिर के पुजारी समेत चार लोगों को गैंगरेप, हत्या, पॉक्सो, एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया जा चुका है। इस मामले में महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी की चुप्पी पर सवाल खड़े किए जा रहे हैं।

दरअसल इस घटना पर अब तक मोदी सरकार के किसी भी मंत्री ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पीड़ित परिवार को सांत्वना भी नहीं दी है। इस मुद्दे पर दलित नेताओं की कड़ी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही है।

भीम आर्मी के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद ने कल पीड़ित परिवार से मुलाकात कर कहा था कि लोग हाथरस घटना को अभी भुला नहीं पाए। दिल्ली में ऐसी दरिंदगी देखने को मिली है।

अब सामाजिक कार्यकर्ता दिलीप मंडल ने भी इसपर केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी और भाजपा को घेरा है।

उन्होंने ट्वीट कर लिखा है कि ‘9 साल की लड़की मार दी गई है दिल्ली में। परिवार को बताए बग़ैर लाश को फूंक दिया गया। आपके ऑफिस से दूर नहीं है।

हथिनी के मरने पर अफ़सोस करना पूरा हो गया है तो दिल्ली छावनी हो आइए। आपके पास तो महिला और बाल विकास का मंत्रालय भी है। कुछ तो काम कर लो।’

इस ट्वीट में दिलीप मंडल ने एक खबर भी शेयर की है। जिसमें केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी द्वारा केरल में गर्भवती हथिनी की मौत पर दुख जाहिर किया गया था।

सामाजिक कार्यकर्ता दिलीप मंडल का कहना है कि केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी आदमी की मौत पर दुख जाहिर कर सकती है। लेकिन 9 साल की बढ़ी के साथ गैंगरेप कर हत्या कर दी जाती है। इस घटना पर एक शब्द क्यों नहीं बोल सकती।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

2 + 18 =