Rana

मैं ट्रेन से हुगली जा रहा था। रास्ते में कुछ लोगों ट्रेन में चढ़े और जय श्री राम का नारा लगाने लगे। जिसके बाद मुझे भी नारा लगाने के लिए बोलने लगे। जब मैंने मना कर दिया तो मुझे मारने लगे। किसी ने मुझे बचाया नहीं। जैसे ही ट्रेन पार्क सर्कस स्टेशन पर रुकी उन लोगों ने मुझे ट्रेन से धक्का दे दिया। कुछ स्थानीय लोगों ने मेरी मदद की।

ये बयान है पश्चिम बंगाल के एक मदरसा शिक्षक का जिनके साथ कुछ लोगो ने जबरन जयश्री राम बोलने दबाव बनाया। ठीक वैसे ही जैसे पिछले दिनों झारखंड में तबरेज नाम के शख्स साथ किया गया था।

यह घटना ट्रेन नंबर 34531 में घटी, ट्रेन में बैठे कुछ लोगो ने मदरसा में पढ़ाने वाले शिक्षक से ‘जय श्री राम’ का नारा लगाने के लिए कहा, जब शिक्षक ने मना कर दिया तो वहां मौजूद भीड़ ने उनके साथ मारपीट और उसके बाद उसे बाद में चलती ट्रेन से फेंक दिया। शिक्षक का कहना था की वो बीते गुरुवार को 24 परगना जिले से हुगली जा रहे थे।

इस मामले पर रेलवे पुलिस जानकरी देते हुए बताया पीड़ित को थोड़ी चोट है। उसे चितरंजन हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया है। पीड़ित को उचित इलाज दिया जा रहा है। यात्रा के दौरान उसके साथ मारपीट हुई है, दो-तीन लोगों ने मिलकर उसके साथ मारपीट की। घटना की जांच जारी है। मगर हैरान करने वाली बात ये भी है की अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

पत्रकार

राणा अय्यूब ने सोशल मीडिया पर लिखा 26 साल के मदरसा टीचर हफीज मोहम्मद को जय श्री राम ना बोलने पर ट्रेन से फेक दिया गया. मगर समुदाय के खिलाफ इन घृणित अपराधों में सुविधा संपन्न मुसलमानों की चुप्पी जटिल है।

बता दें कि इससे पहले दिल्ली में भी एक मुस्लिम शख्स को जबरन जय श्री राम ना कहने पर गाड़ी से टक्कर मार दी। वहीं झारखंड में पिछले दिनों एक मुस्लिम शख्स को कम्बे से बांधकर पीटा जिसके चलते उसने कुछ दिनों बाद दम तोड़ दिया।