पीएम नरेन्द्र मोदी ने अभिनेता अक्षय कुमार को चुनाव के बीच में कथित ‘गैर-राजनीतिक’ इंटरव्यू दिया है। इन्टरव्यू के बाद अन्य नेताओं की इसपर प्रतिक्रिया आ रही है। इस कड़ी में बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने इसे पीएम की इमेज बिल्डिंग करार दिया है।

तेजस्वी यादव ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि, “पीएम अपनी प्रोफाइलिंग कर रहे हैं। उन्होंने कोई काम तो किया नहीं, अब अभिनेता अक्षय कुमार ही उनकी नैया पार लगा दें।”

इस इंटरव्यू को गैर-राजनीतिक बताकर प्रचार करने के पीछे गहरी राजनीति छुपी हुई है। इंटरव्यू में क्या है ये गौर से सुनकर पता लगाया जा सकता है। दरअसल, इंटरव्यू में पीएम मोदी की ‘महान आम आदमी’ की छवि बनाने की ज़बरदस्त कोशिश की गई है।

हालाँकि ये भी हैरान करने वाला है कि, अपने पांच साल के कार्यकाल के दौरान एक भी प्रेस कांफ्रेंस नहीं करने वाले मोदी अभिनेता को इन्टरव्यू दे रहे हैं! वो भी तब जब पीएम और उनकी पार्टी रोजगार, किसान, गंगा सफाई पर फेल होने के बाद राष्ट्रवाद के मुद्दे पर चुनाव लड़ रही है।

PM के इंटरव्यू पर बोलीं प्रियंका गांधी- अभिनेताओं से नहीं ‘किसानों’ से बात करें मोदी

जबकि पीएम देश के अहम मुद्दों पर कई काबिल बड़े पत्रकारों को अपना इन्टरव्यू दे सकते थे। लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया। पीएम मोदी को इस समय उनकी सरकार ने पांच साल के कार्यकाल में क्या काम किए? देश की जनता से किए गए वादों को कितना पूरा किया? नोटबंदी, जीएसटी और गंगा सफाई पर क्या कदम उठाये गए सवालों के जवाब देने चाहिए? लेकिन पीएम मोदी ने एक अभिनेता को इंटरव्यू दिया है!

इसपर सवाल उठता है क्या पीएम मोदी अपने किए वादों को पूरा न कर पाने की वजह से पत्रकारों को इन्टरव्यू देने और लाइव प्रेस कांफ्रेंस करने से बचते हैं? अक्षय ने पीएम मोदी का इन्टरव्यू प्रधानमंत्री आवास पर लिया है और इसे न्यूज़ एजेंसी एएनआई ने जारी किया है।