लोकसभा चुनाव 2019 के आखिरी चरण का चुनावी प्रचार शुक्रवार को खत्म हो गया। इसके साथ ही वो घड़ी भी आ गई जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पांच साल में पहली बार प्रेस कांफ्रेंस की। इस घड़ी का देश की जनता और मीडिया को बेसब्री से इंतजार था। लेकिन इस दौरान पीएम ने पत्रकारों से एक भी सवाल नहीं लिया!

ऐसा नहीं था कि पत्रकारों ने पीएम मोदी से सवाल नहीं पूछा। बीजेपी मुख्यालय में हुई इस प्रेस कांफ्रेंस में कई पत्रकारों ने पीएम से सवाल किए लेकिन उसका सामना बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने अपने पास ही रोक लिए और जवाब दिया।

इसके साथ ही आजादी के 70 साल में पहली बार हुआ जब भारत के किसी प्रधानमंत्री ने प्रेस कांफ्रेंस की, लेकिन पत्रकारों से एक भी सवाल नहीं लिया। अपने पांच साल के कार्यकाल में पीएम ने एक भी पत्रकार वार्ता नहीं की और की भी तो ऐसी जिसमें कोई सवाल ही नहीं हो।

पत्रकार ने PM से क्यों नहीं पूछा- पहली बार PC में आए हो फिर भी चुप? जवाब नहीं देने थे तो आए क्यों?

हालाँकि मोदी सरकार में विकास के मुद्दे और राफेल घोटाले को लेकर सावल किए गए लेकिन अमित शाह ने उल्टा कांउटर सवाल करके बात को टाल दिया। अमित शाह ने सवाल तो लिए लेकिन उन सवालों के जवाब अपनी ही सुविधा अनुसार दिया।

अपनी प्रेस कांफ्रेंस में पीएम मोदी ने बड़ी-बड़ी आदर्शवादी बातें कहीं। उन्होंने कहा, “चुनाव शानदार रहा, एक सकारात्मक भाव से चुनाव हुआ। पूर्ण बहुमत वाली सरकार पांच साल पूरे करके दोबारा जीतकर आए ये शायद देश में बहुत लम्बे अरसे बाद हो रहा है।

आज PM मोदी ने एक भी सवाल नहीं लिया और इसी के साथ उन्होंने PC नहीं करने का रिकॉर्ड कायम रखा

ये अपने आप में बड़ी बात है। जब मई चुनाव के लिए निकला और मन बनाकर निकला था और अपने को उसी धार पर रखा। मैंने देशवासियों को कहा था कि पांच साल मुझे देश ने जो आशीर्वाद दिया उसके लिए मैं धन्यवाद देने आया हूं। अनेक उतार-चढ़ाव आए, लेकिन देश साथ रहा। मेरे लिए चुनाव जनता को धन्यवाद ज्ञापन था।”

पीएम की बात सही है कि देश में इन पांच सालों में कई उतार-चढ़ाव आए। बेरोजगारी, किसान आत्महत्या, गंगा सफाई, स्मार्ट सिटी राफेल घोटाला, नोटबंदी, जीएसटी जैसे अनेक फैसे इस सरकार में लिए गए जिससे जनता त्राहिमाम करती रही। अब जब प्रेस कांफ्रेंस में इन मुद्दों पर सवाल के बदले जवाब देने की बारी आई तो एक बार फिर पीएम मोदी कन्नी काट गए।