उत्तर प्रदेश के सोनभद्र में हुए नरसंहार में मारे गए पीड़ित परिवारों से मिलने की जिद पर अडीं कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी से 24 घंटे बाद कुछ पीड़ित परिवारों ने मुलाकात की। इस दौरान पीड़ित प्रियंका गांधी के गले मिलकर रोते दिखाई दिए और अपनी परेशानियों को बयान किया। प्रशासन ने प्रियंका गांधी को सोनभद्र जाने से रोक दिया थाम लेकिन पीड़ित परिवार खुद सोनभद्र से चलकर प्रियंका गांधी से मिलने पहुँच गए।

खबरों के मुताबिक पीड़ित परिवारों को जब पता चला कि प्रियंका गांधी को यूपी पुलिस द्वारा मिर्जापुर में चुनार गेस्ट हाउस में रोक दिया गया है तो, पीड़ित परिवार खुद 70 किलोमीटर पैदल चलकर और 20 किलोमीटर ट्रैक्टर के जरिए प्रियंका गांधी से मिलने आ गए।

वहीं पीड़ित परिवार के पक्ष के एक शख्स ने मीडिया को बताया कि, “हमें पता चला कि प्रियंका दीदी हमसे मिलने आई हैं लेकिन प्रशासन ने उनको हिरासत में ले लिया और उन्हें ऐसी जगह ले गए जहां उनसे कोई नहीं मिल सकता था। इसीलिए हमने तय किया कि हम चुनाव जाकर उनसे मिलेंगे।”

शख्स ने आगे कहा कि, “हमारे गांव के लोगों पर 90 से 95 केस दर्ज किए गए हैं। उन्हें फर्जी केस में फंसाकर पुलिस और कोर्ट के चक्कर लगवाए जा रहे हैं। प्रशासन भी आरोपियों के साथ मिला हुआ है। घटना वाले दिन उन्हें पुलिस स्टेशन से कहा गया कि थाने आओ और सारा मामला सुलझ जाएगा।”

वहीं मीडिया और सोशल मीडिया में वायरल हो रहे वीडियो में प्रियंका गांधी पीड़ित आदिवासी महिलाओं के गले मिलकर उनके दुःख में शरीक हो रही हैं। महिलाएं फफक-फफककर रो रहीं हैं, इस दौरान प्रियंका गांधी भी भावुक हो गईं। शुक्रवार को प्रियंका गांधी ने कहा था कि, ‘प्रशासन न हमें मिलने दे रहा है और पीड़ित परिवारों को भी यहां आने से रोक रहा है।’

फोटो साभार- ANI