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आगरा में महागठबंधन (सपा-बसपा-आरएलडी) की संयुक्त रैली में सपा प्रमुख अखिलेश यादव, रालोद मुखिया चौधरी अजीत सिंह और बसपा के राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्रा ने भाजपा पर जमकर हमला किया।

रैली में भले ही मायावती न आ सकी हों, लेकिन उनकी अनुपस्थिति में बसपा महासचिव सतीश मिश्रा ने बीजेपी और मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि, “बीजेपी का 5 साल का कार्यकाल विफल रहा है, सरकार ने जनता को भटकाने और धार्मिक भावनाओं को भड़काने का काम किया है।”

मिश्रा ने कहा कि, पुलवामा हमले में हमारे जवान शहीद हुए इसका मतलब हमारी इंटेलिजेंस फेल हुई है और इसकी जिम्मेदारी देश के मुखिया की है। पुलवामा हमला इंटेलिजेंस की नाकामी थी इस बात को जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल ने भी माना। वो शहीदों के नाम पर वोट मांग रहे हैं। बीजेपी गठबंधन की रैलियों में भीड़ देखकर डर गई है इसीलिए चुनाव आयोग का सहारा ले रही है।

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बता दें कि, बसपा सुप्रीमो पर चुनाव आयोग द्वारा 48 घंटे के लिए किसी भी रैली में शामिल होने और रोड शो करने पर रोक लगा दी है। इस रैली में मायावती पर बैन लगाने का पुरजोर विरोध किया गया। हर नेता ने चुनाव आयोग को कठघरे में खड़ा किया। मिश्रा ने कहा, मुख्यमंत्री योगी ने अली और बजरंग बली की बात करके लोगों को बांट रहे हैं इसीलिए मायावती जी को ये बात एक सभा में बतानी पड़ी। हमें अली भी चाहिए और बजरंग बली भी चाहिए।

रैली में सबसे पहले मायावती के भतीजे आकाश आनंद ने मायावती के प्रतिनिधि के तौर पर पहली बार भाषण दिया। उन्होंने जनता से प्रत्याशियों को जीतने की अपील की। रैली में आगरा, मथुरा और फतेहपुर सीकरी के प्रत्याशी शामिल रहे।

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वहीं रैली में रालोद मुखिया अजीत सिंह ने कहा कि, “आज मीडिया भी हिंदुस्तान-पाकिस्तान के अलावा कुछ नहीं दिखता। मीडिया गठबंधन की भीड़ नहीं दिखाता। मोदी की सभा की कम भीड़ को भी नहीं दिखाता। अब चोर का जमाना जाने वाला है और अच्छे दिन आने वाले हैं।

रैली में चौकीदार चोर है के नारे भी लगाए गए। इसपर अजीत सिंह ने कहा कि मोदी के दिल में अडानी और अंबानी हैं। यह उनका चौकीदार है। यह अपने मन की बात करता हैं, जबकि ऐसा प्रधानमंत्री चाहिए जो दिल की बात करे। हमें चौकीदार नहीं नया प्रधानमंत्री चाहिए।